Big Update! अब फ्लाइट में पावर बैंक का नहीं कर पाएंगे इस्तेमाल, DGCA ने लगाया बैन
Big Update! फ्लाइट में अब पावर बैंक का नहीं कर पाएंगे इस्तेमाल
Big Update! अगर आप हवाई यात्रा करते हैं, तो यह खबर आपके लिए अहम है. भारत ने फ्लाइट में पावर बैंक और लिथियम बैटरी वाली डिवाइसेस को लेकर कड़े नियम लागू किए हैं.
डीजीसीए ने फ्लाइट के दौरान फोन या अन्य डिवाइस चार्ज करने वाले पावर बैंक के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है. दुनियाभर में पावर बैंक से आग लगने की कई घटनाएं सामने आई हैं, जिसके चलते यह कदम उठाया गया.
केबिन बैगेज में ही रखी जा सकती हैं पावर बैंक
डीजीसीए ने पिछले साल नवंबर में एडवाइजरी जारी की थी जिसमें कहा गया था कि पावर बैंक और स्पेयर बैटरी केवल हैंड लगेज या केबिन बैगेज में ले जाई जा सकती हैं.
इन्हें ओवरहेड कपार्टमेंट में नहीं रखा जा सकता. ऐसा इसलिए है क्योंकि आग लगने पर ओवरहेड स्टोरेज में उसे कंट्रोल करना मुश्किल हो जाता है. छोटे से पावर बैंक में भी लिथियम बैटरी के कारण आग तेजी से फैल सकती है और फ्लाइट के लिए खतरा पैदा कर सकती है.
लिथियम बैटरी में एनर्जी अधिक होती है और आग बहुत तेजी से पकड़ सकती है. एयरक्राफ्ट के केबिन में छोटी सी बैटरी की आग भी तेजी से फैल सकती है. एविएशन सेफ्टी एक्सपर्ट्स का कहना है कि ऐसे में यात्रियों और क्रू मेंबर के लिए बचाव करना मुश्किल हो जाता है.
डीजीसीए ने कहा कि ओवरहेड स्टोरेज या कैरी-ऑन बैगेज में लिथियम बैटरी छिपी हो सकती हैं, जिससे धुआं या आग का पता लगाना और उसे कंट्रोल करना देर से हो सकता है.
मौजूदा एविएशन सेफ्टी गाइडलाइंस के अनुसार पावर बैंक केवल केबिन बैगेज में ले जाने की इजाजत है और चेक-इन लगेज में नहीं. यात्रियों को फ्लाइट के दौरान पावर बैंक से डिवाइस चार्ज करने की अनुमति नहीं है. एयरलाइंस अब यात्रियों को इस पाबंदी के बारे में बोर्डिंग अनाउंसमेंट और इनफ्लाइट ब्रीफिंग के जरिए जानकारी दे रही हैं. यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे नियमों का पालन करें ताकि उनकी सुरक्षा और पूरी फ्लाइट की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके. news24

